Showing posts with label Poetry. Show all posts
Showing posts with label Poetry. Show all posts

आपकी आँखों से आंसू बह गए


आपकी आँखों से आंसू बह गए,
हर इक लम्हे की कहानी कह गए।

मेरे वादे पर था एतमाद तुम्हे,
और सितम दुनिया का सारा सह गए।

- शाहनवाज़ सिद्दीकी

Read More...

इंतज़ार

मुझे इंतज़ार है

साहिल को ढूँढती है, मेरी डूबती नज़र,
ना जाने कौन मेरा, समंदर के पार है।

शायद नहीं उस पार है, मेरी वफा-ए-ज़िन्दगी,
क्यूँ कर के फिर उस शख्स का, मुझे इंतज़ार है।





तेरे इंतज़ार में

नज़रें यह थक गई हैं, तेरे इंतज़ार में,
हर शै गुज़र गई है, तेरे इंतज़ार में।

आकर तो देख ले, मेरे बेचैन दिल का हाल,
कहीं जाँ ना निकल जाए, तेरे इंतज़ार में।


- शाहनवाज़ सिद्दीकी "साहिल"

Read More...
 
Copyright (c) 2010. प्रेमरस All Rights Reserved.